PM मोदी की इंस्टाग्राम रील ने तोड़े सारे रिकॉर्ड, 24 घंटे में मिले 300 मिलियन से ज्यादा व्यूज
Raisina News Desk- जुलाई 25, 2026 02:18 AM IST

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने डिजिटल व्यूज के मामले में सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं. उन्होंने एक ही इंस्टाग्राम रील पर 24 घंटे के अंदर 309 मिलियन से ज्यादा व्यूज हासिल करके एक बड़ा ग्लोबल रिकॉर्ड बनाया है.
डिजिटल दुनिया में मिली यह जबरदस्त प्रतिक्रिया पिछले 300 मिलियन व्यूज के वर्ल्ड रिकॉर्ड से भी आगे निकल गई है. यह सब तब हुआ जब नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्र लगातार बड़े पैमाने पर विरोध-प्रदर्शन कर रहे थे.
प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया पर एक और वीडियो मैसेज शेयर किया. उन्होंने “फ्रेंड्स, थैंकयू” कहकर अपनी बात शुरू की और देश के युवाओं से मिले ऐतिहासिक डिजिटल रिस्पॉन्स और अच्छे सुझावों के लिए उनका आभार जताया.
यह नया मैसेज प्रधानमंत्री द्वारा देर रात पोस्ट किए गए एक सेल्फी वीडियो के बाद आया है. उस वीडियो में उन्होंने परीक्षा के पेपर लीक होने को लेकर देश में बढ़ रही चिंता पर बात की थी और छात्र समुदाय को भरोसा दिलाया था कि सरकार सख़्त कार्रवाई करेगी.
जंतर-मंतर पर चल रहे विरोध-प्रदर्शनों में हजारों छात्र और युवा प्रदर्शनकारी इकट्ठा हुए हैं. वे हाल ही में हुई प्रतियोगी परीक्षाओं में गड़बड़ियों के बाद जवाबदेही तय करने और संस्थागत सुधारों की मांग कर रहे हैं.
बढ़ते विरोध-प्रदर्शनों और भारी राजनीतिक दबाव के बीच, प्रधानमंत्री मोदी ने ‘जेन जी’ (Gen Z) से जुड़ने के लिए सीधे डिजिटल माध्यम का इस्तेमाल किया. उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार परीक्षा में होने वाली गड़बड़ियों को मामूली बात नहीं, बल्कि बहुत गंभीर मामला मानती है.
आधी रात को दिए गए अपने शुरुआती संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री ने पिछले ढाई महीनों में उठाए गए ठोस कदमों के बारे में विस्तार से बताया. इस संबोधन से जबरदस्त डिजिटल जुड़ाव हुआ और रातों-रात दस लाख नए फॉलोअर्स जुड़े.
उन्होंने कहा कि सरकार का मुख्य मकसद छात्रों का एक महत्वपूर्ण शैक्षणिक वर्ष बर्बाद होने से बचाना रहा है. उन्होंने बताया कि दोबारा परीक्षा सफलतापूर्वक आयोजित करने के लिए तेजी से तालमेल बिठाने की जरूरत थी. इसके अलावा उन्होंने घोषणा की कि केंद्रीय मंत्रिमंडल एक सख्त कानूनी ढांचा तैयार करेगा. इसमें परीक्षा पेपर लीक में शामिल लोगों और गिरोहों के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट और कड़ी सजा का प्रावधान होगा.