चमोली सुरंग हादसे में 7 मजदूरों की मौत; निर्माणाधीन टनल में पानी और मलबा घुसने से फंसे थे 20-22 श्रमिक
Raisina News Desk- अगस्त 14, 2026 07:07 AM IST

चमोली:
उत्तराखंड के चमोली जिले में गुरुवार रात एक बड़ा हादसा सामने आया. पिपलकोटी स्थित टीएचडीसी (Tehri Hydro Development Corporation Limited) की निर्माणाधीन सुरंग में अचानक पानी और मलबा घुस जाने से कई मजदूर अंदर फंस गए. घटना के बाद तुरंत बचाव अभियान शुरू किया गया और एनडीआरएफ तथा एसडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं. अब तक 19 मजदूरों को सुरंग से बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया है, लेकिन इनमें से 7 को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया. कई अन्य घायल मजदूरों का इलाज चल रहा है, जबकि सुरंग में फंसे शेष लोगों को निकालने के लिए अभियान जारी है.
अधिकारियों के अनुसार यह हादसा चमोली जिले के पिपलकोटी क्षेत्र में टीएचडीसी की निर्माणाधीन सुरंग में हुआ. घटना के समय बड़ी संख्या में मजदूर सुरंग के भीतर काम कर रहे थे. मलबा और पानी तेजी से सुरंग के अंदर घुसने लगा, जिससे वहां अफरा-तफरी मच गई. कई मजदूर बाहर निकलने में सफल रहे, जबकि कई अंदर फंस गए.
#WATCH | Chamoli, Uttarakhand: Alok Jayra, Assistant Commandant, NDRF, says, “We received information that there was a sudden, massive influx of water, causing some individuals to become trapped inside. Since the water levels were rising rapidly, we requested the District… https://t.co/M9ln7N8iy9 pic.twitter.com/cddrXyR7Xi
— ANI (@ANI) August 13, 2026
गोपेश्वर जिला अस्पताल में तैनात डॉक्टर आयुष ने बताया कि सुरंग से निकाले गए 19 लोगों को अस्पताल लाया गया था. उनमें से 7 लोगों को मृत घोषित कर दिया गया. जबकि बाकी मजदूरों का इलाज किया जा रहा है. दस घायलों को अस्पताल में भर्ती किया गया है और एक गंभीर रूप से घायल मजदूर को श्रीनगर बेस अस्पताल रेफर किया गया है.
#WATCH चमोली, उत्तराखंड: NDRF के टीम कमांडर अमृत लाल मीणा ने कहा, “जब हमारी टीम यहां पहुंची और ऑपरेशन शुरू किया, तो सुरंग में भारी मात्रा में पानी भरा हुआ था और किनारों से भी पानी रिस रहा था, अभी तक पानी काफी भर गया है…हमारे जवान खास उपकरण पहनकर अब तक पानी से 4 शव निकाल चुके… https://t.co/x3jqcB2nkY pic.twitter.com/d0fYxfft9X
— ANI_HindiNews (@AHindinews) August 13, 2026
एनडीआरएफ टीम के कमांडर अमृत लाल मीणा ने बताया कि जब बचाव दल मौके पर पहुंचा तो सुरंग के भीतर भारी मात्रा में पानी भरा हुआ था. उन्होंने कहा कि सुरंग के किनारों से भी लगातार पानी रिस रहा था, जिससे राहत कार्य और अधिक चुनौतीपूर्ण हो गया. विशेष उपकरणों की मदद से टीम ने पानी के बीच फंसे लोगों को निकालने का काम शुरू किया.
टीएचडीसी के कार्यकारी निदेशक (परियोजना) कुमार शरद ने बताया कि हादसे के समय सुरंग के भीतर लगभग 20 से 22 मजदूर काम कर रहे थे. घटना के तुरंत बाद एनडीआरएफ और एसडीआरएफ को बुलाया गया और बचाव अभियान शुरू किया गया. उन्होंने बताया कि कुछ मजदूरों की हालत गंभीर बनी हुई है. प्रशासन ने हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है. विशेषज्ञ यह पता लगाने का प्रयास करेंगे कि आखिर सुरंग में अचानक इतना पानी और मलबा कैसे घुसा.