चाहे गोली चले या लाठी, 15 अगस्त को हाईवे पर कट खोल देंगे; किसान नेता नरेश टिकैत ने किया ट्रैक्टर मार्च का ऐलान
Raisina News Desk- जुलाई 28, 2026 02:59 PM IST

बागपत:
Farmers Protest Baghpat: उत्तर प्रदेश के बागपत जिले में दिल्ली-देहरादून हाईवे पर कट की मांग को लेकर चल रहे किसान आंदोलन ने अब नया मोड़ ले लिया है. भारतीय किसान यूनियन के वरिष्ठ नेता नरेश टिकैत ने आंदोलन स्थल पर पहुंचकर प्रशासन को खुला अल्टीमेटम देते हुए कहा कि यदि 15 अगस्त से पहले किसानों की मांगों पर समाधान नहीं निकाला गया तो किसान खुद हाईवे पर कट खोलेंगे. उन्होंने कहा कि चाहे इसके लिए लाठी चले या गोली, किसान पीछे हटने वाले नहीं हैं. नरेश टिकैत के इस बयान के बाद आंदोलन को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में हलचल बढ़ गई है. किसान लंबे समय से हाईवे पर कट की मांग को लेकर धरने पर बैठे हैं. बागपत से NDTV के लिए विपिन कुमार की रिपोर्ट.
बागपत के गांगनोली गांव में चल रहे किसान धरने में पहुंचे नरेश टिकैत ने मंच से प्रशासन और सरकार को कड़ा संदेश दिया. उन्होंने कहा कि यदि अधिकारियों को किसानों से बातचीत करनी है तो 15 अगस्त से पहले धरना स्थल पर आकर समाधान निकालें. उन्होंने कहा, “बात करनी है तो 15 अगस्त से पहले धरना स्थल पर आएं. उसके बाद किसान खुद फैसला करेंगे.”
Farmers Protest: किसानों का प्रदर्शन
नरेश टिकैत ने कहा कि 15 अगस्त को किसान तिरंगा यात्रा निकालेंगे और इसके बाद हाईवे पर कट खुलवाने की कार्रवाई करेंगे. उन्होंने मंच से कहा कि प्रशासन का कहना है कि हाईवे पर ट्रैक्टर नहीं चलेंगे, लेकिन किसान 15 अगस्त को ट्रैक्टर लेकर ही हाईवे पर उतरेंगे और अपनी मांग पूरी कराएंगे. उनके बयान के अनुसार, “हम 15 अगस्त को इन्हें हाईवे पर ट्रैक्टर चलाकर दिखाएंगे और तिरंगा यात्रा के बाद ट्रैक्टर कट बनाकर ही नीचे उतरेंगे.”
गांगनोली गांव के किसान दिल्ली-देहरादून हाईवे पर कट की मांग को लेकर पिछले करीब ढाई महीने से धरना दे रहे हैं. सानों का कहना है कि कट नहीं होने से स्थानीय लोगों और किसानों को आवाजाही में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. आंदोलनकारी लगातार प्रशासन से मांग पूरी करने की अपील कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है.
Farmers Protest: नरेश टिकैत की चेतावनी
नरेश टिकैत ने कहा कि अब यह सिर्फ मांग का मुद्दा नहीं बल्कि किसानों की प्रतिष्ठा का सवाल बन चुका है. उन्होंने संकेत दिया कि अगर प्रशासन ने समय रहते समाधान नहीं निकाला तो आंदोलन और तेज किया जाएगा. उन्होंने कहा कि किसानों का धैर्य अब जवाब दे रहा है और वे निर्णायक लड़ाई के लिए तैयार हैं.
टिकैत ने अपने संबोधन में कहा कि हाल के किसान आंदोलनों से उन्हें भी प्रेरणा मिली है. उन्होंने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर अन्य किसान नेताओं और संगठनों से भी समर्थन मांगा जाएगा ताकि आंदोलन को और मजबूत बनाया जा सके.