पंजाब में सभी 117 सीटों पर चुनाव लड़ेगी भाजपा, अकाली दल से गठबंधन की चर्चाओं के बीच ऐलान
Raisina News Desk- अगस्त 25, 2026 12:37 AM IST

चंडीगढ़:
पंजाब में अकाली दल और भाजपा के बीच गठबंधन को लेकर कयास तेज हैं. इस बीच भाजपा नेतृत्व की ओर से अलग ही बयान आया है. भाजपा के संगठन महामंत्री बीएल संतोष का कहना है कि पंजाब की सभी 117 सीटों पर पार्टी चुनाव लड़ेगी. वह पंजाब में दो दिनों के दौरे पर पहुंचे हैं. इस दौरान वह संगठन से जुड़ी बैठकें ले रहे हैं. उनका कहना था कि भाजपा राज्य की सभी सीटों पर चुनाव लड़ेगी और जीतकर सरकार का गठन करेगी. वह पटियाला में पहली जोनल मीटिंग में हिस्सा ले रहे थे. बीएल संतोष का सबसे पहले मोहाली एयरपोर्ट पर स्वागत किया गया और वहां से भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सरदार केवल सिंह ढिल्लो और पंजाब के सह-प्रभारी सरदार नरेंद्र सिंह रैना के साथ निकले.
वहीं बीएल संतोष के इस बयान पर कांग्रेस ने बिना मौका गंवाए तंज कस दिया है. पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने कहा कि एक तरफ भाजपा अकाली दल के साथ मिलकर चुनाव लड़ना चाहती है तो वहीं दूसरी तरफ सभी 117 सीटों पर अकेले ही लड़ने का बयान भी दे रही है. उन्होंने कहा कि भाजपा की वही स्थिति है कि खरगोश के साथ दौड़ना और कुत्ते के साथ शिकार करना. उन्होंने कहा कि भाजपा ऐसा इसलिए कर रही है ताकि उसके कार्यकर्ता किसी तरह साथ बने रहें और पार्टी ही छोड़कर न भागें.
BJP running with the hare and hunting with the hounds …
Let the BJP say it under oath that it won’t align with the Akalis for the ensuing assembly elections in Punjab.
On the one hand the BJP and Akali leaders are holding meetings to formulate an alliance, on the other hand…
— Amarinder Singh Raja Warring (@RajaBrar_INC) August 24, 2026
बीएल संतोष अपने इस दौरे में संगठन की गतिविधियों पर बात करेंगे और विधानसभा चुनाव की तैयारियों पर भी मंथन करेंगे. इसके लिए पंजाब को अलग-अलग जोन में बांटकर बैठकें की जानी हैं. कैसे पंजाब में बूथ लेवल पर भाजपा को मजबूत किया जाए. इस पर पार्टी फोकस कर रही है. बीएल संतोष ने सोमवार को पटियाला और बठिंडा में बैठक की है. इसके बाद वह मंगलवार को लुधियाना, जालंधर और अमृतसर जाने वाले हैं. इसके अलावा राज्य के महासचिवों के साथ भी वह अमृतसर में एक मीटिंग करेंगे. पंजाब में पार्टी कैसे काम कर रही है और चुनाव से पहले उसमें क्या सुधार या बदलाव की जरूरत है. इस पर प्रकाश डाला जाएगा.