पप्पू यादव पर हमला करने एक नहीं बल्कि दो शख्स बुलंदशहर से पहुंचे थे दिल्ली, हत्या की साजिश का आरोप
Raisina News Desk- अगस्त 02, 2026 10:58 PM IST

नई दिल्ली:
सांसद पप्पू यादव के आवास पर हुए हंगामे के बाद आरोपी शख्स को पुलिस के हवाले कर दिया गया है. शख्स के खिलाफ आरोप है कि उसने सांसद पप्पू यादव के प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान हंगामा किया और जूते फेंके. पप्पू यादव का कहना है कि आरोपी शख्स अपने साथ चाकू भी लेकर आया था. पुलिस ने कहा कि वह इस बात की जांच करेगी कि आरोपी चाकू लेकर कैसे पहुंचा था.
पप्पू यादव के यहां घुसने वाले शख्स का नाम सुमित सहपानी है. पिता का नाम फूल गिरी है. वह बुलंदशहर का रहने वाला है. सुमित ने पप्पू यादव को जूता फेंककर मारा था. उसी समय उसे पकड़ लिया गया. सुमित का पिछला कोई अपराधिक रिकॉर्ड नहीं है.
दूसरे शख्स का नाम हैप्पी है, जो कि पप्पू यादव के आवास के बाहर क्रेटा गाड़ी में मौजूद था. पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या वह चाकू लेकर आया था. पुलिस के मुताबिक, जब सुमित को पप्पू यादव के लोगों ने सौंपा तो उसके साथ में एक चाकू भी सौंपा था. आरोपी के मुताबिक, संतों के अपमान को लेकर उसके मन में नाराजगी थी.
दिल्ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक, पप्पू यादव से मिलने का बहाना बनाकर पप्पू यादव के आवास में आरोपी सुमित दाखिल हुआ था. आरोपी सुमित गाजियाबाद में स्क्रैप का काम करता है. सुमित अपने साथी हैप्पी के साथ दिल्ली अपनी कार सही करवाने के लिए आया था.
दिल्ली आने के बाद गूगल पर सर्च करके आरोपी सांसद पप्पू यादव के आवास पर पहुंचे थे. फिलहाल आरोपी सुमित दिल्ली पुलिस की हिरासत में है उससे पूछताछ जारी है. वहीं सुमित के साथी हैप्पी की तलाश जारी है.
दिल्ली पुलिस की एक टीम कुछ देर पहले पप्पू यादव के घर गई थी. उन्होंने पप्पू यादव के उन आरोपों की जांच शुरू कर दी है कि कुछ लोग उन पर हमला करने के इरादे से चाकू लेकर उनके घर में घुसे थे.
#WATCH | दिल्ली | पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने कहा, “…बाबा रोज़ कह रहे हैं, ‘मुझे मार डालो, जला दो; हम ₹51 लाख देंगे।’ हमने उसे पकड़ा और पुलिस के हवाले कर दिया। मुझे मारने की साज़िश रची गई थी, लेकिन मैं बच गया…” https://t.co/PaBNWm1SRt pic.twitter.com/pQ5jL4WXX9
— ANI_HindiNews (@AHindinews) August 2, 2026
सांसद पप्पू यादव ने इस घटना के बाद कहा, “बाबा रोज़ कह रहे हैं, ‘मुझे मार डालो, जला दो; हम ₹51 लाख देंगे।’ हमने उसे पकड़ा और पुलिस के हवाले कर दिया। मुझे मारने की साज़िश रची गई थी, लेकिन मैं बच गया.”
पप्पू यादव ने कहा, “मैं जनता के बीच घिरा हुआ था. सभी मीडिया के साथी मौजूद थे, वार्ता हो ही रही थी उतने में ये हुआ. मुझे मारने की साजिश तो चल ही रही है. कई बाबा मुझे ‘जलाने-मारने’ की बात कर रहे हैं. यदि वहां पर इतने लोग मौजूद नहीं होते तो आज मैं खत्म हो जाता. कल रात ही मेरे परिजनों को भी परेशान किया गया है. मैंने तो कुछ कहा ही नहीं… 200 किलोग्राम सोना और चांदी कहां गया? ये सवाल जरूरी हैं.”
उन्होंने आगे कहा, “दिल्ली पुलिस काफी काबिल है. मैं बहुत दिनों से सुरक्षा की मांग कर रहा हूं. कई बाबा मुझे मारने की बातें कर रहे हैं. क्या कोई साधु इस तरह की बातें करेगा? मैंने कौन सा पाप किया है?”