चलो दिल्ली: खरगे के घर पर जुटने लगे विपक्षी सांसद, राहुल का एलान- 12 बजे मार्च कर पहुंचेंगे रामलीला मैदान

चलो दिल्ली: खरगे के घर पर जुटने लगे विपक्षी सांसद, राहुल का एलान- 12 बजे मार्च कर पहुंचेंगे रामलीला मैदान

11:53 AM, 01-Nov-2026

इंडिया ब्लॉक की रैली को लेकर क्या बोले सपा सांसद प्रिया सरोज और जियाउर्रहमान बर्क?

समाजवादी पार्टी की सांसद प्रिया सरोज ने कहा, “हम इस रैली में इसलिए शामिल हो रहे हैं, क्योंकि यह जनता की मांग है। लोग चाहते हैं कि हम उन आरोपों पर सरकार से जवाब मांगें, जो लगातार लगाए जा रहे हैं। विपक्ष लंबे समय से चुनाव आयोग की पारदर्शिता और जवाबदेही पर सवाल उठा रहा है। लगातार आरोप लगाए जा रहे हैं। मैं कहना चाहूंगी कि अगर सब कुछ ठीक है, तो आयोग सामने आए और तथ्यों व सबूतों के आधार पर जवाब दे। केवल राजनीतिक बयानबाजी न करे। हम लगातार कह रहे हैं कि अगर आप सही हैं, तो प्रेस कॉन्फ्रेंस कीजिए। लेकिन आप न तो प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पा रहे हैं और न ही सवालों के जवाब दे रहे हैं। ऐसे में जनता को यह समझ आने लगा है कि चुनाव आयोग एक ही पार्टी को बचाने और उसे सत्ता में बनाए रखने के लिए काम कर रहा है। इससे एक संवैधानिक संस्था चुनाव आयोग की छवि का मजाक बनकर रह गई है।”

समाजवादी पार्टी के सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने कहा, “हम पूरी तरह एकजुट हैं और आज पूरी ताकत के साथ इस रैली को सफल बनाएंगे। भाजपा सरकार और पुलिस प्रशासन इस रैली को रोकने के लिए हर संभव कोशिश कर रहे हैं, लेकिन वे इसमें सफल नहीं होंगे। हमारी रैली पूरी ताकत के साथ होगी। जब तक ज्ञानेश कुमार इस्तीफा नहीं देते और एसआईआर पर रोक नहीं लगाई जाती, तब तक हम इस मुद्दे पर अपना संघर्ष जारी रखेंगे।”

11:42 AM, 01-Nov-2026

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने एसआईआर को लेकर किस पर साधा निशाना?

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा, “हमें मतदाता सूची पूरी तरह त्रुटिरहित चाहिए। यह बेहतर होगा कि मतदाता सूची में एक-दो मृत लोगों के नाम रह जाएं, लेकिन 13 करोड़ वास्तविक मतदाताओं के नाम न हटाए जाएं।” उन्होंने आगे कहा, “भारतीय नागरिकों के संवैधानिक अधिकार चुनाव आयोग द्वारा नहीं छीने जाने चाहिए। आयोग ने जो किया, वह पूरी तरह गलत था। इस देश में पिछले 80 वर्षों से हम बिना ऐसी किसी समस्या के स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराते आए हैं। इस दौरान कभी इतनी बड़ी संख्या में लोगों के नाम मतदाता सूची से नहीं हटाए गए।”

उन्होंने कहा, “आप 13 करोड़ मतदाताओं के नाम नहीं काट सकते। जैसा कि राहुल गांधी ने कल बताया था, भारत की वयस्क आबादी के 15 फीसदी लोगों के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए हैं। यह स्वीकार्य नहीं है। यह एक गंभीर समस्या है। हम सभी को साथ लेकर चलना चाहते हैं। पूरा इंडिया ब्लॉक यहां मौजूद है। हम इस रैली को लेकर उत्साहित हैं। इसके जरिए पूरा देश संवैधानिक संस्थाओं को स्पष्ट संदेश देना चाहता है कि भारतीय नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा की जानी चाहिए।”

11:40 AM, 01-Nov-2026

कांग्रेस नेता प्रमोद तिवारी बोले- भाजपा की तानाशाही सरकार की विदाई तय

कांग्रेस नेता प्रमोद तिवारी ने कहा, “1942 में महात्मा गांधी के आह्वान पर पूरा देश अंग्रेजों के खिलाफ आजादी की लड़ाई लड़ने के लिए जाग उठा था। आज भी भारत की जनता ने वोटों की चोरी रोकने और लोकतंत्र को बचाने का संकल्प ले लिया है।  कुछ लोग यहां आएंगे, तो कुछ मतदान केंद्रों तक पहुंचेंगे। भाजपा की तानाशाही सरकार की विदाई अब तय है।”

11:38 AM, 01-Nov-2026

पवन खेड़ा बोले- केंद्रीय गृह मंत्री और सरकार डरे हुए हैं

इंडिया ब्लॉक की रैली में कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने कहा, “अब आप देख सकते हैं कि केंद्रीय गृह मंत्री और पूरी सरकार किस तरह डरी हुई है। बार-बार बयान जारी कर धारा 163 का हवाला दिया जा रहा है। लेकिन जब नितिन नवीन सड़कों पर निकलते हैं, तब यह धारा 163 लागू नहीं की जाती। अब जब इंडिया ब्लॉक के आह्वान पर लोग बाहर निकल रहे हैं, तो सरकार बेचैन हो रही है। घबराइए मत, घबराने की कोई जरूरत नहीं है। यह देश की आवाज है और आपको इसे सुनना ही पड़ेगा।”

11:38 AM, 01-Nov-2026

इंडिया गठबंधन की रैली से पहले क्या बोले अशोक गहलोत?

राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता अशोक गहलोत ने कहा, “लोकतंत्र को बचाने के लिए यह बहुत बड़ी रैली हो रही है। यह सिर्फ कांग्रेस या INDIA गठबंधन की रैली नहीं है, बल्कि सभी के लिए एक मंच है। हमें देश को कैसे बचाना है? देश में लोकतंत्र को कैसे कायम रखना है? यह आज की युवा पीढ़ी के सामने एक बड़ी चुनौती है। अगर उन्होंने अभी इस पर ध्यान नहीं दिया, तो आने वाली पीढ़ियां उन्हें कभी माफ नहीं करेंगी।”

11:33 AM, 01-Nov-2026

कनॉट प्लेस से निकलेगा विपक्ष का मार्च, राहुल गांधी ने किया एलान

लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने रामलीला मैदान पर होने वाली रैली और उससे पहले के मार्च को लेकर एक्स पर जानकारी दी। राहुल गांधी ने कहा, ”दिल्ली, तैयार हो जाओ। वोट बचाओ, देश बचाओ। कनॉट प्लेस आइए, साथ चलते हैं। या सीधे रामलीला मैदान में मिलते हैं – मगर, आना जरूर है। आज- दोपहर 12 बजे।” 

11:29 AM, 01-Nov-2026

सीपीआईएम सांसद अमरा राम बोले- 2024 का चुनाव पूरी तरह फर्जी था

सीपीआई(एम) सांसद अमरा राम ने कहा, “यह (एसआईआर) सीधे तौर पर लोकतंत्र की निर्मम हत्या है। इससे बुरा कुछ नहीं हो सकता। बाबा साहेब के संविधान ने देश के नागरिकों को वोट देने का अधिकार दिया है। 13.5 करोड़ लोगों के वोट काट दिए गए हैं। अकेले राजस्थान के झोटवाड़ा विधानसभा क्षेत्र में ही 68 हजार से अधिक मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए हैं। इसका मतलब है कि 2024 का चुनाव पूरी तरह फर्जी था। इसे रद्द किया जाना चाहिए। मतदाता सूची से हटाए गए सभी नामों को दोबारा शामिल किया जाए और इसके लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।”

11:21 AM, 01-Nov-2026

अखिलेश यादव बोले- डबल इंजन सरकार हो गई डबल जीरो

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के निवास पर इंडिया ब्लॉक के नेताओं का पहुंचना शुरू हो चुका है। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव, टीएमसी सांसदों समेत विपक्ष के कई बड़े नेता पहुंचे। इस दौरान इंडिया ब्लॉक की रैली में पहुंचने के बाद समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा, “अन्याय की सारी हदें पार हो चुकी हैं। अब तो उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने खुद स्वीकार किया है कि 1.27 करोड़ वोट कम हो गए हैं। उन्हें इसकी याद कब आई? तब, जब वह एमएलसी का चुनाव हार गए। जो लोग ‘डबल इंजन सरकार’ की बात करते थे, वे अब ‘डबल जीरो’ हो गए हैं। इतना ही नहीं, उन्होंने एक बार भी अपनी हार स्वीकार नहीं की। वे चुनाव आयोग के पास गए और दोबारा मतगणना कराई। अब जरा सोचिए, एक ही चुनाव में डबल इंजन सरकार, डबल जीरो और दोहरी हार। इसके बाद वे क्या दावा कर रहे हैं? उनका कहना है कि 1.27 करोड़ हिंदुओं के वोट गायब हैं। उन्हें यह जानकारी कहां से मिली? यह आंकड़ा किसने दिया?”

उन्होंने कहा, “यह ऐसा आंकड़ा नहीं है, जिसे कोई सड़क से उठाकर ले आए या कोई भी व्यक्ति किसी को दे दे। अगर कोई मंत्री ऐसा बयान दे रहा है और वह भी उत्तर प्रदेश में, जहां से प्रधानमंत्री आते हैं, तो वह यह बयान कब दे रहा है? किसी के वहां जाकर लौट आने के बाद। ऐसे में आरोप किस पर लगाया जा रहा है? अगर 1.70 करोड़ वोट गायब हैं, तो सरकार दूसरों पर क्या आरोप लगा रही है? सरकार यह भी दावा कर रही है कि लाखों लाभार्थियों के नाम मतदाता सूची में नहीं हैं। ऐसे में उन लोगों को भी रामलीला मैदान पहुंचना चाहिए, क्योंकि यह अन्याय और झूठे वादों के खिलाफ आंदोलन है।”

11:10 AM, 01-Nov-2026

इंडिया ब्लॉक की रैली पर क्या बोलीं जेएमएम की महुआ माजी?

दिल्ली के रामलीला मैदान में होने वाली इंडिया ब्लॉक की रैली पर झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) की नेता महुआ माजी ने कहा, “लोकतंत्र में विपक्ष की जिम्मेदारी है कि वह जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार का ध्यान आकर्षित करे। मतदाता सूची से लगातार लोगों के नाम हटाए जाने के कारण जनता परेशान है। INDIA गठबंधन ने इस मुद्दे पर माननीय राष्ट्रपति से अपील की है। इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट से भी गुहार लगाई गई है।”

उन्होंने कहा, “हम लोकतांत्रिक तरीके से अपना विरोध दर्ज कराने के लिए सड़कों पर उतर रहे हैं। कल सार्वजनिक महाभियोग अभियान चलाया गया और आज हम रामलीला मैदान में जुटे हैं। हमें उम्मीद है कि केंद्र सरकार अब कम से कम जागेगी। सरकार को इस पद पर टीएन शेषन जैसे ईमानदार अधिकारी की नियुक्ति करनी चाहिए।”

माजी ने कहा, “प्रधानमंत्री को अब नेता प्रतिपक्ष और सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के साथ मिलकर इस पद पर किसी योग्य व्यक्ति की नियुक्ति करनी चाहिए, जो जनता का भरोसा जीत सके। वास्तविक मतदाताओं समेत करोड़ों लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाना लोकतंत्र पर हमला है। हमारा लोकतांत्रिक देश एक तरह से निरंकुशता की ओर बढ़ रहा है। हम इसका विरोध करते हैं और इसी वजह से यह रैली आयोजित की जा रही है।”

10:51 AM, 01-Nov-2026

टीएमसी सांसद सागरिका घोष बोलीं- अब ज्ञानेश कुमार को देना होगा इस्तीफा

इंडिया ब्लॉक की रैली से पहले टीएमसी सांसद सागरिका घोष ने कहा, “अब हालात में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। ज्ञानेश कुमार अब अपने पद पर नहीं रह सकते, उन्हें इस्तीफा देना होगा। उनके खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पारित हो चुका है। अब वह कहां जाएंगे, कहां भागेंगे और कहां छिपेंगे? सरकार को अब औपचारिक कार्रवाई करते हुए जरूरी प्रक्रिया शुरू करनी चाहिए, ताकि ज्ञानेश कुमार को पद से हटाया जा सके।”

उन्होंने कहा, “आज रामलीला मैदान में होने वाली रैली से उठने वाली आवाज संसद तक गूंजेगी। हम सभी एकजुट हैं और अपनी मांग से पीछे नहीं हटेंगे। ज्ञानेश कुमार को अपना पद छोड़ना होगा। साथ ही, चुनावी प्रक्रिया को लेकर जनता का जो भरोसा टूटा है, उसे बहाल करने के लिए सरकार को ठोस प्रयास करने चाहिए।”