एनिमेशन वीडियो में देखिए ब्रिक्स का अब तक तक सफर, किस देश ने की सबसे ज्यादा बार मेजबानी?
Raisina News Desk- सितंबर 11, 2026 04:24 AM IST

एक अमेरिकी इकोनॉमिस्ट की कल्पना को रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने ब्रिक्स का रूप दे दिया. और अब यही ब्रिक्स अमेरिका की सबसे बड़ी टेंशन बनता जा रहा है. पूरी कहानी शॉर्ट में ये है कि अमेरिकी वित्तीय कंपनी गोल्डमैन सैक्स के अर्थशास्त्री जिम ओ’नील ने 2001 में अपना एक शोध पत्र प्रकाशित किया. इसका शीर्षक था, बिल्डिंग बेटर ग्लोबल इकोनॉमिक ब्रिक्स (Building Better Global Economic BRICs). इसमें उन्होंने कहा कि ब्राजील, रूस, भारत और चीन दुनिया में तेजी से विकास कर रही अर्थव्यवस्थाएं हैं. आने वाले समय में इन चार देशों की अर्थव्यवस्थाएं दुनिया की अमीर G7 अर्थव्यवस्थाओं को चुनौती दे सकती हैं.
फिर BRIC बना और फिर BRICS
साल 2006 में न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा की बैठक के दौरान BRIC देशों के विदेश मंत्रियों की पहली बैठक हुई. इसी बैठक में BRIC को औपचारिक रूप दिया गया. इसके बाद 2009 में रूस के येकातेरिनबर्ग में BRIC का पहला शिखर सम्मेलन आयोजित किया गया. साल 2010 में अमेरिका के न्यूयॉर्क में BRIC देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक हुई. इसमें दक्षिण अफ्रीका को ब्रिक में शामिल करने का फैसला हुआ. इसके बाद BRIC का नाम BRICS हो गया.
| वर्ष | BRICS स्थल | खास बात |
| 2009 | रूस | रूस में ब्रिक्स का पहला शिखर सम्मेलन |
| 2010 | ब्राजील | |
| 2011 | चीन | दक्षिण अफ्रीका शामिल |
| 2012 | भारत | भारत में पहली बार मेजबानी |
| 2013 | दक्षिण अफ्रीका | |
| 2014 | ब्राजील | |
| 2015 | रूस | |
| 2016 | भारत | भारत में दूसरी बार मेजबानी |
| 2017 | चीन | |
| 2018 | दक्षिण अफ्रीका | |
| 2019 | ब्राजील | |
| 2020 | रूस | |
| 2021 | भारत | भारत में तीसरी बार मेजबानी |
| 2022 | चीन | |
| 2023 | दक्षिण अफ्रीका | |
| 2024 | रूस | मिस्र, इथियोपिया, ईरान और UAE शामिल हुए |
| 2025 | ब्राजील | इंडोनेशिया शामिल हुआ |
| 2026 | भारत | भारत में चौथी बार मेजबानी |
इस समिट में हिस्सा लेने वाले प्रमुख नेताओं में रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान और UAE के अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन ज़ायद अल नाहयान शामिल हैं.
रूस, चीन, ईरान और UAE से आने वाले इन खास मेहमानों के राष्ट्रीय राजधानी के अलग-अलग होटलों में ठहरने की उम्मीद है और उनके आने से पहले सुरक्षा के कड़े इंतज़ाम किए गए हैं. होटल भी इन मेहमानों की बेहतरीन मेहमाननवाज़ी के लिए ज़ोर-शोर से तैयारी कर रहे हैं, जिसमें खाने-पीने, हाउसकीपिंग, गेस्ट सर्विस और होटल के अंदर आने-जाने के लिए खास इंतज़ाम शामिल हैं. सुरक्षा जांच और आने-जाने के नियमों को और कड़ा कर दिया गया है, साथ ही सरकारी प्रतिनिधिमंडलों और सपोर्ट टीमों के लिए अलग-अलग जगहें तय की गई हैं.
सऊदी अरब को 2024 में पूर्ण सदस्यता का निमंत्रण दिया गया था और ब्रिक्स आधिकारिक तौर पर इसे सदस्य मानता है, हालांकि सऊदी अरब ने अभी तक अपनी आंतरिक औपचारिक प्रक्रियाओं को पूरी तरह अंतिम रूप नहीं दिया है. इस तरह से कुल 10 देश अभी ब्रिक्स के सदस्य हैं.
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