करूर भगदड़ पीड़ित परिवारों के लिए सीएम विजय ने क्या-क्या किया? | CM Vijay Karur stampede victims CM C Joseph Vijay handed over compassionate appointment orders
Raisina- जुलाई 10, 2026 08:37 PM IST

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने शुक्रवार को करूर भगदड़ में जान गंवाने वालों के परिजनों से मुलाकात की. इस मुलाकात के दौरान उन्होंने उन्हें दया के आधार पर नियुक्ति यानी कंपैशनेट अपॉइंटमेंट के आदेश पत्र सौंपे. साथ ही उन्होंने इस हादसे को एक कभी न भरने वाला घाव भी बताया. सीएम विजय ने कहा कि ये वो हादसा है जो उनके दिल पर एक बोझ की तरह बना हुआ है. आपको बता दें कि पिछले साल 27 सितंबर को ये भगदड़ करूर में हुई थी. भगदड़ उस वक्त मची जब विजय करूर में रोड शो करने आ रहे थे. इस घटना में 41 लोगों की मौत हो गई थी. इस घटना की जांच CBI कर रही है.
मुख्यमंत्री विजय ने कहा कि करूर की घटना से मुझे बहुत मानसिक पीड़ा हुई. मैंने करूर में अपने भाइयों, बहनों और मासूम बच्चों को खो दिया. यह घटना मेरे दिल में एक ऐसा घाव है जो कभी नहीं भरा. करूर घटना का दोष मुझ पर मढ़ा गया, लेकिन मैं लोगों की भलाई के लिए राजनीति में आया और मैं ऐसी घटनाओं को हमेशा के लिए खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध हूं. विपक्ष पर राजनीतिक हमला करते हुए, मुख्यमंत्री विजय ने आरोप लगाया कि जब विधानसभा में “पार्टी फंड” का ज़िक्र हुआ तो विपक्षी सदस्य सदन से बाहर चले गए.
सीएम विजय ने कहा कि पहले सरकारी विभागों में करोड़ों रुपये का भ्रष्टाचार होता था, लेकिन अब लोगों का मानना है कि उनकी सरकार में सरकारी दफ्तरों में रिश्वतखोरी और भ्रष्टाचार काफी कम हो गया है.मुख्यमंत्री ने अपने चुनावी वादों को पूरा करने के प्रति अपनी सरकार की प्रतिबद्धता भी दोहराई। उन्होंने घोषणा की कि पूर्व मुख्यमंत्री सी.एन. अन्नादुरई (अरिनगर अन्ना) की जयंती पर नवजात शिशुओं को मामा की ओर से सोने की अंगूठी देने की योजना को वादे के मुताबिक लागू किया जाएगा.
भगदड़ की इस घटना के बाद उस दौरान तमिलनाडु सरकार ने पीड़ित परिवारों में से प्रत्येक को 10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि (ex-gratia payment) देने की घोषणा की थी, जबकि TVK ने 20 लाख रुपये का अतिरिक्त मुआवज़ा दिया.साथ ही सरकार के पुनर्वास नीतियों के तहत, मुख्यमंत्री ने पीड़ितों के योग्य परिवार के सदस्यों को नियुक्ति आदेश सौंपने के लिए करूर का दौरा किया. एटलस एरिना में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान, CM विजय ने प्रभावित 32 परिवारों में से प्रत्येक के एक सदस्य को नियुक्ति पत्र सौंपे. लाभार्थियों को उनकी शैक्षणिक योग्यता के आधार पर नौकरियां दी गईं.यह कार्यक्रम मद्रास हाई कोर्ट की मदुरै बेंच में चल रही कार्यवाही के साथ ही हुआ, जहां पीड़ितों के परिवारों को स्थायी सरकारी नौकरी देने के सरकार के फैसले को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई हो रही थी.
कोर्ट ने निर्देश दिया था कि फिलहाल लाभार्थियों को अस्थायी नियुक्तियां दी जा सकती हैं. सभा को संबोधित करते हुए, भावुक विजय ने कहा कि करूर त्रासदी से हुआ दर्द उन्हें कभी नहीं भूला. उन्होंने कहा कि करूर के मेरे सभी भाइयों और बहनों को मेरा हार्दिक अभिवादन, जो मेरे दिल में बसते हैं। कोई व्यक्ति जीवन में कितनी भी ऊंचाई पर क्यों न पहुंच जाए, दिल के घाव और दर्द को कभी नहीं भुलाया जा सकता. आज मैं कई कठिनाइयों और भावनात्मक घावों से उबरने के बाद आपके सामने खड़ा हूं.
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