IAS रोशन जैकब से कांपे UP के फूड माफिया! महाराष्ट्र के तुकाराम मुंढे जैसी यह सख्त अफसर कौन?
Raisina News Desk- अगस्त 24, 2026 04:48 AM IST

महाराष्ट्र में फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन कमिश्नर तुकाराम मुंढे की कड़क कार्यशैली की तर्ज पर अब उत्तर प्रदेश में आईएएस अधिकारी रोशन जैकब से खाद्य माफिया खौफजदा हैं. रोशन जैकब उत्तर प्रदेश में खाद्य पदार्थों में मिलावट के खिलाफ एक बड़े अभियान की कमान संभालते हुए ताबड़तोड़ कार्रवाई कर रही हैं.
उत्तर प्रदेश सरकार के खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की सचिव एवं आयुक्त IAS रोशन जैकब की टीम अब तक प्रदेश भर में 2,000 से अधिक ठिकानों पर छापेमारी कर चुकी है. इस कार्रवाई से उत्तर प्रदेश में खाद्य सामग्री में मिलावट करने वाले तत्वों के बीच हड़कंप मच गया है.
अभियान के दौरान टीम ने ₹11.66 करोड़ मूल्य के संदिग्ध खाद्य उत्पाद जब्त किए, ₹63.17 लाख के असुरक्षित खाद्य पदार्थों को नष्ट करवाया और दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की. जांच में बड़े पैमाने पर मिलावटी दुग्ध उत्पाद और असुरक्षित पैकेटबंद पेयजल का खुलासा हुआ है.
IAS डॉक्टर रौशन जैकब ने मिलावटखोरों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही के लिए DM को पत्र भेजा था.
मीडिया रिपोर्टों में दावा किया जा रहा है कि खाद्य सुरक्षा अभियान, उत्तर प्रदेश के तहत यह कार्रवाई यहीं थमने वाली नहीं है. अब खाद्य पदार्थों में मिलावट करने वालों के नाम और उनकी तस्वीरें सार्वजनिक करने की योजना पर भी गंभीरता से काम किया जा रहा है.
महाराष्ट्र एफडीए कमिश्नर IAS तुकाराम मुंढे की तर्ज पर सख्त फैसले ले रहीं IAS डॉ. रोशन जैकब को 16 सितंबर 2025 को यूपी एफएसडीए के कमिश्नर पद पर तैनात किया गया था. पदभार ग्रहण करने के बाद से ही उन्होंने साफ कर दिया था कि प्रदेश में खाद्य सुरक्षा और जनस्वास्थ्य से कोई समझौता नहीं किया जाएगा. अब तक उनकी टीम प्रदेश भर में 3,500 से अधिक जगहों पर निरीक्षण कर चुकी है. इस दौरान 6 एफआईआर दर्ज कराई गईं, जबकि नकली व मिलावटी घी, दूध, पनीर और पेयजल बेचने वालों पर सख्त एक्शन लेते हुए कई प्रतिष्ठानों के लाइसेंस तक निरस्त कर दिए गए.
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रोशन जैकब मूल रूप से केरल के तिरुवनंतपुरम की रहने वाली हैं. बीए, एमए और पीएचडी की डिग्री हासिल करने वाली रोशन जैकब 2004 बैच की उत्तर प्रदेश कैडर की आईएएस अधिकारी हैं. 25 सितंबर 1978 को जन्मीं डॉ. रोशन जैकब को उत्तर प्रदेश के बरेली जिले में जॉइंट मजिस्ट्रेट के रूप में पहली पोस्टिंग मिली थी. वर्ष 2008 में आईएएस रोशन जैकब को पहली बार बस्ती जिले का जिलाधिकारी बनने का अवसर मिला. इसके बाद वह वर्ष 2012 में गोंडा और रायबरेली, वर्ष 2014 में कानपुर नगर तथा वर्ष 2017 में बाराबंकी और बुलंदशहर की जिलाधिकारी (कलेक्टर) के रूप में अपनी सेवाएं दे चुकी हैं.
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