न्यूज़ीलैंड में भारतीय बच्चे को नहीं मिली खांसी की दवा, बिलख पड़ी मां, UP की आकृति का VIDEO वायरल
Raisina News Desk- अगस्त 27, 2026 03:36 AM IST

लोगों से अक्सर कहते सुना है कि न्यूज़ीलैंड जैसे देशों में स्वास्थ्य सेवाएं भारत से भी बेहतर हैं. आंकड़ों में यह बात सही भी लगती है, मगर जमीनी हकीकत कुछ और ही है. इसका ताजा उदाहरण भारतीय मूल की एक महिला हैं, जिनके बेटे को न्यूजीलैंड में महज खांसी की दवा लेने के लिए एक हफ्ते का इंतजार करना पड़ा है.
महिला ने वीडियो में बताया कि उनका बेटा 10 दिनों से लगातार खांसी से परेशान था. जब उन्होंने अपने लोकल मेडिकल सेंटर में फोन किया, तो उन्हें बताया गया कि अगले पूरे हफ्ते के लिए कोई भी अपॉइंटमेंट उपलब्ध नहीं है और सबसे जल्दी अपॉइंटमेंट अगले बुधवार को ही मिल सकता है.
अपने वीडियो में महिला ने न्यूजीलैंड की स्वास्थ्य सेवाओं की तुलना भारत से करते हुए कहा कि हमारे देश में जरूरत पड़ने पर हम मरीज को तुरंत डॉक्टर को दिखा सकते हैं और डॉक्टर की सलाह से दवा खरीद सकते हैं. मगर न्यूजीलैंड में ऐसा नहीं है. ऐसे में फर्क साफ दिखता है कि भारत में हेल्थकेयर सिस्टम ज्यादा बेहतर और सुलभ है.
यह वीडियो 13 अगस्त 2026 को इंस्टाग्राम पर आकृति जायसवाल श्रीवास्तव नाम की महिला ने शेयर किया है. उन्होंने वीडियो के कैप्शन में लिखा है, “कभी-कभी आपको सच में एहसास होता है कि भारत की हेल्थकेयर व्यवस्था एक अलग ही स्तर पर है. यहां, तय समय के बाद भी इलाज के लिए लंबा इंतजार करना पड़ सकता है और अस्पताल खचाखच भरे हो सकते हैं.”
आकृति जायसवाल श्रीवास्तव की सोशल मीडिया प्रोफाइल के मुताबिक, वह न्यूजीलैंड की राजधानी वेलिंगटन में रहती हैं और मूल रूप से भारत में उत्तर प्रदेश के प्रयागराज की रहने वाली हैं. आकृति ने खुद को कंटेंट क्रिएटर बताया है और अपनी प्रोफाइल में परिवार के साथ न्यूजीलैंड के कई वीडियो और तस्वीरें भी शेयर की हैं.
अपनी नई पोस्ट में आकृति जायसवाल श्रीवास्तव ने लिखा कि ”मैं न्यूज़ीलैंड को ना नकारात्मक दिखाना चाहती हूं और ना बिना वजह महिमामंडन करना. मैं बस वही शेयर करती हूं, जो मैं खुद अनुभव करती हूं. चाहे वो अच्छा हो या चुनौतीपूर्ण. मेरा मेडिकल वाला वीडियो भी किसी तुलना या आलोचना के लिए नहीं था, बल्कि उस समय का मेरा असली अनुभव था. हर देश में कुछ चीजें अच्छी होती हैं और कुछ चीजों में सुधार की गुंजाइश होती है और यही असल जिंदगी है. मेरी कोशिश हमेशा यही रहेगी कि आपको यहां कि असली तस्वीर दिखाऊं. सिर्फ बेहतरीन तस्वीर नहीं.
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