LIVE: राम मंदिर के CEO का आज हो सकता है ऐलान, होने वाली है ट्रस्ट की अहम मीटिंग

राम मंदिर सीईओ बनने की दौड़ में तीन नाम आगे चल रहे हैं. प्रयागराज के पूर्व IPS राजेश पांडे और गोंडा के पूर्व IAS योगेश्वर मिश्रा दौड़ में सबसे आगे हैं. मूल रूप यूपी के प्रयागराज के रहने वाले राजेश पांडे उत्तर प्रदेश कैडर के 2003 बैच के IPS अधिकारी थे. वे प्रमोट होकर आईपीएस अधिकारी बने थे. 21 फरवरी 1989 को उन्‍हें यूपी पुलिस में डीएसपी के पद पर तैनात किया गया था. साल 2003 में वे आईपीएस बने. 

राजेश पांडे 30 जून 2021 को उत्तर प्रदेश पुलिस के आईजी-इलेक्शन सेल के पद से रिटायर हुए थे. उन्‍हें एनकाउंटर स्पेशलिस्ट भी कहा जाता है. वे यूपी एसटीएफ और यूपी एटीएस के संस्थापक सदस्य रहे हैं.

कौन हैं पूर्व IAS योगेश्वर मिश्रा? 

योगेश्वर राम मिश्रा उत्तर प्रदेश कैडर के 2005 बैच के सेवानिवृत्त भारतीय प्रशासनिक सेवा अधिकारी हैं. उनका जन्म 8 मई 1964 को हुआ था. अपने पूरे करियर में उन्होंने जूनियर स्केल अधिकारी, जिला मजिस्ट्रेट, विशेष सचिव और संभागीय आयुक्त सहित विभिन्न पदों पर कार्य किया. उनकी सबसे हालिया नियुक्ति 18 मई 2023 से उत्तर प्रदेश के गोंडा में संभागीय आयुक्त के रूप में थी. उन्होंने भू-राजस्व विभाग में जनगणना संचालन निदेशक के रूप में भी कार्य किया है. योगेश्वर मि‍श्रा को उत्तर प्रदेश सरकार के भीतर विभिन्न प्रशासनिक भूमिकाओं का व्यापक अनुभव है. 

 

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